उत्तर प्रदेश PSC (UPPCS) के लिए डेली करेंट अफेयर्स
UPPSC करेंट अफेयर्स — 9 September 2026
9वाँ राष्ट्रीय पोषण माह वाराणसी में शुरू; यूपी ने आँगनवाड़ी मानदेय बढ़ाकर ₹12,000 किया, ₹5 लाख स्वास्थ्य कवर; कैबिनेट ने ₹5,507 करोड़ औद्योगिक निवेश मंज़ूर किया
Wednesday, 9 September 2026 · IST · उत्तर प्रदेश + राष्ट्रीय · 8 टॉपिक · 2 MCQs
आज की परीक्षा-उपयोगी खबरों में उत्तर प्रदेश छाया रहा। 9वाँ राष्ट्रीय पोषण माह वाराणसी के रुद्राक्ष केंद्र से “हमारी आँगनवाड़ी, हमारी जिम्मेदारी” थीम पर शुरू हुआ — एक दिन पहले राज्य ने आँगनवाड़ी मानदेय 50% बढ़ाया और ₹5 लाख कैशलेस स्वास्थ्य कवर जोड़ा। यूपी कैबिनेट ने 9 जिलों में ₹5,507 करोड़ का औद्योगिक निवेश भी मंज़ूर किया। राष्ट्रीय स्तर पर पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 में GDP 7.8% बढ़ी, जो RBI के अनुमान से अधिक है।
आज एक नज़र में — याद रखने वाली बातें
9वाँ राष्ट्रीय पोषण माहवाराणसी से “हमारी आँगनवाड़ी, हमारी जिम्मेदारी” थीम पर शुरू।
यूपी ने आँगनवाड़ी मानदेय बढ़ाकर ₹12,000 (कार्यकर्ता) व ₹6,000 (सहायिका) किया, साथ में ₹5 लाख कैशलेस स्वास्थ्य कवर।
यूपी कैबिनेट ने एक ही बैठक में 9 जिलों की 11 औद्योगिक इकाइयों हेतु ₹5,507 करोड़ निवेश मंज़ूर किया।
नया 74 किमी, 6-लेन कॉरिडोर (~₹8,586 करोड़) नोएडा अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट को गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ेगा।
ODOP (ओडीओपी) ने नौ वर्षों में 9 लाख युवाओं को रोज़गार दिया, योजनाओं में कुल 3.25 करोड़ जुड़े।
भारत की पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 GDP 7.8% बढ़ी, RBI के 7% अनुमान से अधिक — सेवा व विनिर्माण अग्रणी।
सुप्रीम कोर्ट की अनुच्छेद 142 ‘पूर्ण न्याय’ शक्ति चर्चा में — 1949 से 791 बार प्रयोग दर्ज।
केंद्र कठिन-उपशमन इस्पात क्षेत्र हेतु ~₹5,000 करोड़ की हरित-इस्पात डीकार्बोनाइज़ेशन योजना तैयार कर रहा है।
उत्तर प्रदेशजीआई-टैग उत्पादों की संख्या में भारत में अग्रणी बना हुआ है।
विस्तृत नोट्स
1. 9वाँ राष्ट्रीय पोषण माह वाराणसी से शुरू
UTTAR PRADESHUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II (स्वास्थ्य/कल्याण) + यूपी-विशेष GS-V
सिलेबस से संबंध
GS-II: पोषण व बाल स्वास्थ्य पर सरकारी योजनाएँ; GS-V: यूपी कल्याण प्रशासन।
संदर्भ
भारत का प्रमुख पोषण अभियान 2026 के लिए उत्तर प्रदेश से शुरू हुआ, जिसमें राज्य का आँगनवाड़ी नेटवर्क केंद्र में रहा।
मुख्य तथ्य
9वाँ राष्ट्रीय पोषण माहरुद्राक्ष कन्वेंशन सेंटर, वाराणसी में शुरू।
2026 थीम: “हमारी आँगनवाड़ी, हमारी जिम्मेदारी” — नागरिक आँगनवाड़ी केंद्रों के सह-भागीदार।
आधार पोषण अभियान (2018), अब मिशन सक्षम आँगनवाड़ी व पोषण 2.0 के तहत संचालित।
फोकस: आहार विविधता, पर्याप्त प्रोटीन, श्री अन्न (मिलेट्स), दालें व मौसमी सब्ज़ियों के साथ गरम पका भोजन।
आगे की राह
पोषण “विकसित भारत @2047” दृष्टि का केंद्र है; यूपी द्वारा शुभारंभ की मेज़बानी एक राष्ट्रीय योजना के क्रियान्वयन में इसकी अग्रणी भूमिका दर्शाती है — प्रारंभिक + मुख्य दोनों हेतु उपयोगी।
अवधारणा
पोषण अभियान (2018) एक बहु-मंत्रालयी मिशन है जो तकनीक, अभिसरण व जन-आंदोलन के ज़रिये बौनापन, दुबलापन, रक्ताल्पता व कम जन्म-वज़न को लक्षित करता है।
आँकड़ा-टाइल्स: 9वाँ संस्करण, 2018 में पोषण अभियान का शुभारंभ, पोषण 2.0, और विकसित भारत 2047 लक्ष्य। — StudyForGS
2. यूपी ने आँगनवाड़ी मानदेय 50% बढ़ाया, ₹5 लाख स्वास्थ्य कवर जोड़ा
UP-SCHEMEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II + यूपी-विशेष GS-V (राज्य कल्याण)
सिलेबस से संबंध
GS-II/GS-V: कमज़ोर वर्गों का कल्याण; अग्रिम-पंक्ति कार्यकर्ता; राज्य योजनाएँ।
संदर्भ
पोषण माह से पहले, राज्य सरकार ने अयोध्या के एक कार्यक्रम में आँगनवाड़ी कर्मियों हेतु चार लाभ घोषित किए।
कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं हेतु ₹5,00,000 तक का कैशलेस स्वास्थ्य कवर।
नवनियुक्त कर्मियों को साड़ियाँ वितरित व नियुक्ति पत्र प्रदान।
मेधावी छात्राओं व श्रेष्ठ-प्रदर्शन आँगनवाड़ी पर्यवेक्षकों का सम्मान।
आगे की राह
आँगनवाड़ी कार्यकर्ता ICDS सेवाएँ (पोषण, टीकाकरण सहयोग, पूर्व-प्राथमिक शिक्षा) देती हैं; उनके वेतन व सुरक्षा में सुधार अंतिम-छोर कल्याण को मज़बूत करता है — मुख्य परीक्षा हेतु उत्तम शासन उदाहरण।
अवधारणा
ICDS (1975) आँगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से छह सेवाओं का पैकेज देती है; मानदेय केंद्र व राज्यों द्वारा साझा किया जाता है।
समूहित बार चार्ट: कार्यकर्ता ₹8,000 से ₹12,000, सहायिका ₹4,000 से ₹6,000, साथ में ₹5 लाख स्वास्थ्य कवर। — StudyForGS
3. यूपी कैबिनेट ने 11 औद्योगिक इकाइयों हेतु ₹5,507 करोड़ निवेश मंज़ूर किया
UP-GOVERNANCEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (अर्थव्यवस्था) + यूपी-विशेष GS-VI
सिलेबस से संबंध
GS-III/GS-VI: औद्योगिक नीति, निवेश, रोज़गार; यूपी अर्थव्यवस्था।
संदर्भ
एक ही बैठक में कैबिनेट ने नौ जिलों में फैले 11 औद्योगिक प्रस्तावों को मंज़ूरी दी।
मुख्य तथ्य
एक कैबिनेट बैठक में 9 जिलों की 11 इकाइयों हेतु कुल ₹5,507.01 करोड़ मंज़ूर।
8 इकाइयाँ (₹2,900.97 करोड़)यूपी औद्योगिक निवेश एवं रोज़गार प्रोत्साहन नीति 2022 के तहत।
3 इकाइयाँ (₹2,606.04 करोड़)FDI/विदेशी पूँजी निवेश नीति 2023 के तहत।
सबसे बड़ी: कैनपैक इंडिया, उन्नाव (₹1,573.62 करोड़); अग्रणी क्षेत्र — पैकेजिंग व खाद्य-पेय।
आगे की राह
यह यूपी के नीति-संचालित, प्रोत्साहन-आधारित निवेश मॉडल को दर्शाता है जो MoU को ज़मीनी इकाइयों में बदलता है — राज्य-नेतृत्व औद्योगीकरण व ‘ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस’ पर मुख्य उत्तरों हेतु उपयोगी।
अवधारणा
राज्य निवेश नीतियाँ प्राथमिकता क्षेत्रों व पिछड़े इलाकों में इकाइयाँ आकर्षित करने हेतु पूँजी सब्सिडी, स्टाम्प-शुल्क व ब्याज प्रतिपूर्ति देती हैं।
डोनट चार्ट ₹5,507 करोड़ का विभाजन: पैकेजिंग 47%, खाद्य-पेय 41%, धातु व रसायन 10%। — StudyForGS
4. नोएडा एयरपोर्ट को गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ने हेतु नया 74 किमी, 6-लेन लिंक
UP-INFRAUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (अवसंरचना) + यूपी-विशेष GS-VI
सिलेबस से संबंध
GS-III/GS-VI: अवसंरचना, कनेक्टिविटी, यूपी में एक्सप्रेसवे।
संदर्भ
राज्य कैबिनेट ने आगामी नोएडा अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट को यूपी के एक्सप्रेसवे ग्रिड से जोड़ने हेतु ग्रीनफील्ड कॉरिडोर मंज़ूर किया।
मुख्य तथ्य
74 किमी, छह-लेन कॉरिडोर यमुना एक्सप्रेसवे (फ़िल्म सिटी के पास) से स्याना के निकट गंगा एक्सप्रेसवे तक।
अनुमानित लागत लगभग ₹8,586 करोड़; गौतमबुद्ध नगर व बुलंदशहर के 56 गाँवों से होकर।
लगभग 20 किमीन्यू नोएडा निवेश क्षेत्र से गुज़रता है; 3-वर्ष की पूर्णता समय-सीमा।
594 किमी गंगा एक्सप्रेसवे (मेरठ–प्रयागराज) को जोड़ता है, माल व यात्री संपर्क बढ़ाता है।
आगे की राह
एक्सप्रेसवे-एयरपोर्ट एकीकरण यूपी का प्रमुख विकास-उत्तोलक है — लॉजिस्टिक्स, भूमि-मूल्य व औद्योगिक कॉरिडोर सुधारता है; GS-III अवसंरचना व यूपी-विशेष पत्रों हेतु सशक्त सामग्री।
अवधारणा
यूपी में एक्सप्रेसवे UPEIDA द्वारा भूमि-पूलिंग + EPC मॉडल पर बनाए जाते हैं, प्रायः साथ में औद्योगिक कॉरिडोर भी विकसित होते हैं।
नोएडा एयरपोर्ट व गंगा एक्सप्रेसवे के बीच 74 किमी छह-लेन लिंक का आरेख, लागत व गाँवों के आँकड़ों सहित। — StudyForGS
5. ODOP उपलब्धि: नौ वर्षों में 9 लाख युवाओं को रोज़गार
UP-SCHEMEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III + यूपी-विशेष GS-VI (MSME/ODOP)
सिलेबस से संबंध
GS-III/GS-VI: MSME, रोज़गार, पारंपरिक उद्योग, ODOP।
संदर्भ
सरकार ने अपने नौ वर्ष पूरे होने पर ‘एक ज़िला एक उत्पाद’ कार्यक्रम की पहुँच को रेखांकित किया।
मुख्य तथ्य
एक ज़िला एक उत्पाद (ODOP)2018 में ज़िला-स्तरीय पारंपरिक शिल्प व उद्योग के पुनरुद्धार हेतु शुरू।
ODOP से 9 लाख युवाओं को रोज़गार; योजनाओं में 3.25 करोड़ युवा व शिल्पी जुड़े।
MSME पुनरुद्धार, विश्वकर्मा-शैली कौशल, विपणन व ऋण सहयोग द्वारा समर्थित।
कई ODOP उत्पाद यूपी के जीआई-टैग उत्पादों से मेल खाते हैं — जीआई टैग में यूपी अग्रणी।
आगे की राह
ODOP यूपी का सर्वाधिक प्रसिद्ध अभिसरण मॉडल है जो विरासती शिल्प, निर्यात व रोज़गार को जोड़ता है — यूपी-विशेष GS पत्रों व साक्षात्कार हेतु लगभग निश्चित प्रासंगिकता।
अवधारणा
ODOP प्रत्येक ज़िले हेतु एक विशिष्ट उत्पाद चुनकर उसके इर्द-गिर्द पूरी मूल्य-श्रृंखला (डिज़ाइन, ऋण, कौशल, विपणन) बनाता है।
ODOP का स्तंभ आरेख: 9 लाख रोज़गार, 3.25 करोड़ जुड़े, 75 ज़िले, वैश्विक निर्यात व जीआई संबंध। — StudyForGS
6. भारत की पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 GDP 7.8% बढ़ी, RBI के 7% अनुमान से अधिक
ECONOMYUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (भारतीय अर्थव्यवस्था)
सिलेबस से संबंध
GS-III: वृद्धि, राष्ट्रीय आय, GVA, क्षेत्रीय प्रदर्शन।
संदर्भ
अप्रैल–जून 2026 के आधिकारिक आँकड़ों में अर्थव्यवस्था ने संभावना-निकट वृद्धि बनाए रखी।
मुख्य तथ्य
वास्तविक GDP पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 में +7.8% (वार्षिक); वास्तविक GVA +8.2%; नाममात्र GDP +10.3% (MoSPI द्वारा जारी)।
सेवा +10.0% व विनिर्माण +9.2% अग्रणी; कृषि +3.6%; खनन में 2.4% संकुचन।
सकल स्थिर पूँजी निर्माण 11.9% बढ़ा, GDP में इसका हिस्सा बढ़कर 34.3%।
वैश्विक चुनौतियों के बावजूद संभावना-निकट वृद्धि की लगातार चौथी तिमाही।
आगे की राह
GDP आँकड़े प्रारंभिक (संख्याएँ) व मुख्य (निवेश पुनरुद्धार, क्षेत्रीय बदलाव) दोनों हेतु आधार हैं — मज़बूत पूँजी-निर्माण व विनिर्माण संकेतों पर ध्यान दें।
अवधारणा
GVA उत्पादकों द्वारा उत्पादन (आपूर्ति पक्ष) मापता है; GDP में उत्पादों पर शुद्ध कर जुड़ते हैं — GDP = GVA + उत्पाद कर − सब्सिडी।
RBI के 7% अनुमान रेखा के सापेक्ष पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 की क्षेत्रवार वास्तविक वृद्धि का बार चार्ट। — StudyForGS
7. सुप्रीम कोर्ट की अनुच्छेद 142 ‘पूर्ण न्याय’ शक्ति चर्चा में
POLITYUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II (राजव्यवस्था व न्यायपालिका)
सिलेबस से संबंध
GS-II: न्यायपालिका, सुप्रीम कोर्ट की शक्तियाँ, शक्ति-पृथक्करण।
संदर्भ
अनुच्छेद 142 के प्रयोग पर एक अध्ययन ने न्यायिक विवेकाधिकार की बहस फिर छेड़ दी।
मुख्य तथ्य
अनुच्छेद 142 सुप्रीम कोर्ट को किसी मामले में ‘पूर्ण न्याय’ हेतु कोई भी आदेश देने की शक्ति देता है।
एक अध्ययन ने 1949 से इस शक्ति के 791 प्रत्यक्ष प्रयोग गिने।
हाल ही में इसका प्रयोग देशव्यापी परीक्षा-विरोध से उपजी FIR रद्द करने में हुआ।
आलोचक अति-हस्तक्षेप की चेतावनी देते हैं; इसके दायरे को सीमित करने वाले 1962 व 1998 के निर्णय सुरक्षा-कवच हैं।
आगे की राह
अनुच्छेद 142 राजव्यवस्था का बार-बार पूछा जाने वाला विषय है — अनुच्छेद संख्या (प्रारंभिक) को न्यायिक अति-हस्तक्षेप बनाम पूर्ण-न्याय बहस (मुख्य GS-II) से जोड़ता है।
अवधारणा
अनुच्छेद 142 सुप्रीम कोर्ट को सशक्त करता है; इसके आदेश पूरे भारत में लागू होते हैं, पर बाद के निर्णयों अनुसार स्पष्ट वैधानिक प्रावधानों को अधिभावी नहीं कर सकते।
8. भारत ने हरित-इस्पात डीकार्बोनाइज़ेशन की दिशा में कदम बढ़ाया
NATIONALUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (अर्थव्यवस्था व पर्यावरण)
सिलेबस से संबंध
GS-III: उद्योग, जलवायु, ऊर्जा संक्रमण।
संदर्भ
इस्पात एक कठिन-उपशमन क्षेत्र होने के कारण, केंद्र एक डीकार्बोनाइज़ेशन योजना तैयार कर रहा है।
मुख्य तथ्य
भारत लगभग 160 मिलियन टन इस्पात प्रतिवर्ष उत्पादित करता है, वैश्विक उत्सर्जन तीव्रता से ~32% अधिक।
बदलाव न होने पर कोयला-आधारित ब्लास्ट-फर्नेस क्षमता 2030 तक 43% से 56% तक बढ़ सकती है।
EAF/DRI मार्गों को बढ़ावा देने हेतु लगभग ₹5,000 करोड़ की डीकार्बोनाइज़ेशन योजना शुरू की जा रही है।
भारत के 2070 तक नेट-ज़ीरो संकल्प व हरित-हाइड्रोजन लक्ष्यों का समर्थन।
आगे की राह
अर्थव्यवस्था, पर्यावरण व तकनीक को जोड़ता है — औद्योगिक डीकार्बोनाइज़ेशन व भारत की जलवायु प्रतिबद्धताओं पर तैयार GS-III उदाहरण।
अवधारणा
हरित इस्पात कोकिंग-कोल ब्लास्ट फर्नेस के बजाय कम-कार्बन मार्गों (हरित-हाइड्रोजन DRI, नवीकरणीय ऊर्जा वाले इलेक्ट्रिक-आर्क फर्नेस) का उपयोग करता है।
आज का डेटा पॉइंट
7.8%
भारत पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 वास्तविक GDP वृद्धि RBI के 7% अनुमान से अधिक; GVA 8.2% बढ़ी (MoSPI, अप्रैल–जून 2026)।
जीआई टैग में अग्रणी: उत्तर प्रदेश — सर्वाधिक जीआई-टैग उत्पाद
अभ्यास MCQs — UPPSC Prelims पैटर्न
Q1. राष्ट्रीय पोषण माह के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह प्रत्येक वर्ष सितंबर माह में मनाया जाता है। 2. यह 2018 में शुरू किए गए पोषण अभियान पर आधारित है। 3. यह वर्तमान में मिशन सक्षम आँगनवाड़ी और पोषण 2.0 के तहत क्रियान्वित है। उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2
केवल 2 और 3
केवल 1 और 3
1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: D पोषण माह हर सितंबर में मनाया जाता है; यह पोषण अभियान (2018) से निकला है और मिशन सक्षम आँगनवाड़ी व पोषण 2.0 के तहत संचालित है। तीनों कथन सही हैं।
Q2. भारत के संविधान का अनुच्छेद 142 सर्वोत्तम रूप से सुप्रीम कोर्ट की किस शक्ति का वर्णन करता है:
विधि के प्रश्नों पर राष्ट्रपति को सलाह देना
‘पूर्ण न्याय’ हेतु आवश्यक कोई भी आदेश पारित करना
अपने ही निर्णयों की पुनर्समीक्षा करना
उच्च न्यायालयों के बीच मामले स्थानांतरित करना
उत्तर देखें
उत्तर: B अनुच्छेद 142 सुप्रीम कोर्ट को ‘पूर्ण न्याय’ हेतु कोई भी डिक्री/आदेश देने देता है; परामर्शी अधिकारिता अनुच्छेद 143 और पुनर्विलोकन अनुच्छेद 137 है।
मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न
Q. “उत्तर प्रदेश का एक्सप्रेसवे-नेतृत्व, नीति-समर्थित निवेश मॉडल राज्य के आर्थिक भूगोल को नया आकार दे रहा है।” हाल के उदाहरणों सहित परीक्षण कीजिए। (UPPSC मुख्य, GS-III / यूपी-विशेष)
संकेत / दृष्टिकोण
₹5,507 करोड़ की कैबिनेट स्वीकृति, नोएडा एयरपोर्ट–गंगा एक्सप्रेसवे लिंक, ODOP रोज़गार का उल्लेख करें; एक्सप्रेसवे को औद्योगिक कॉरिडोर, लॉजिस्टिक्स, भूमि-मूल्य व संतुलित क्षेत्रीय विकास से जोड़ें; पूर्वांचल/बुंदेलखंड समता पर टिप्पणी जोड़ें।
📌 एक पंक्ति में रिवीज़न: दोहराएँ: 9वाँ पोषण माह (थीम ‘हमारी आँगनवाड़ी, हमारी जिम्मेदारी’, वाराणसी) • यूपी आँगनवाड़ी मानदेय ₹12,000/₹6,000 + ₹5 लाख स्वास्थ्य कवर • ₹5,507 करोड़ कैबिनेट स्वीकृति (11 इकाइयाँ/9 जिले) • 74 किमी नोएडा एयरपोर्ट–गंगा एक्सप्रेसवे लिंक • ODOP 9 लाख रोज़गार • पहली तिमाही वित्त वर्ष 27 GDP 7.8% • अनुच्छेद 142।