UPSC सिविल सेवा के लिए डेली करेंट अफेयर्स

UPSC करेंट अफेयर्स — 27 October 2026

DAC ने ₹2.12 लाख करोड़ की रक्षा खरीद को मंज़ूरी दी; E100 ऑटो ईंधन के रूप में अधिसूचित; प्रकाशकों ने DPDP अधिनियम को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी

Tuesday, 27 October 2026 · IST · राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय · 10 टॉपिक · 2 MCQs

रक्षा अधिग्रहण परिषद ने ₹2.12 लाख करोड़ के प्रस्तावों को AoN दी, जिनमें लगभग 82% खरीद भारतीय उद्योग से होगी; वहीं MoRTH ने CMVR, 1989 में संशोधन कर फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों में E100 की अनुमति दी। शासन के मोर्चे पर, सुप्रीम कोर्ट ने DPDP अधिनियम, 2023 के विरुद्ध समाचार प्रकाशकों की याचिका पर नोटिस जारी किया और ECI ने कहा कि CEC को केवल SC न्यायाधीश की तरह ही हटाया जा सकता है। चक्रवात अर्नब आंध्र तट के निकट है और WMO ने रिकॉर्ड-स्तरीय अल नीनो की चेतावनी दी है।

आज एक नज़र में — याद रखने वाली बातें

विस्तृत नोट्स

1. DAC ने ₹2.12 लाख करोड़ के पूंजीगत अधिग्रहण मंज़ूर किए — ड्रोन, हेलीकॉप्टर, वायु रक्षा

DEFENCECOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS3 (सुरक्षा)
सिलेबस से संबंधGS3 – सुरक्षा बल एवं उनका अधिदेश; रक्षा स्वदेशीकरण। प्रारंभिक – DAC, AoN, DAP-2020, VSHORADS।
संदर्भरक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में रक्षा अधिग्रहण परिषद (DAC) ने 26 अक्टूबर 2026 को थलसेना, नौसेना और वायुसेना के लिए ₹2.12 लाख करोड़ के प्रस्तावों को आवश्यकता की स्वीकृति (AoN) दी और अत्याधुनिक रक्षा तकनीक में 'आत्मनिर्भरता 2.0' का आह्वान किया।
मुख्य तथ्य
  • लगभग 82% खरीद भारतीय उद्योग से होगी।
  • थलसेना: हाई मोबिलिटी वाहन, स्व-चालित ट्रैक्ड तोपें, VSHORADS, प्लेटफ़ॉर्म-आधारित काउंटर-UAS, लंबी दूरी के कामिकाज़े ड्रोन।
  • नौसेना: एंटी-शिप मिसाइलों के विरुद्ध एक्टिव ऑफबोर्ड डिकॉय सिस्टम + स्वदेशी नौसैनिक प्लेटफ़ॉर्म।
  • वायुसेना: लाइट मल्टी-रोल एवं स्पेशल यूटिलिटी हेलीकॉप्टर, वायु रक्षा प्रणाली, मोबाइल X-बैंड डॉप्लर मौसम रडार।
आगे की राहAoN को समय पर अनुबंधों में बदलना, निजी क्षेत्र व MSME आधार को मज़बूत करना और महत्वपूर्ण उप-प्रणालियों (इंजन, सीकर, चिप) का देश में उत्पादन सुनिश्चित करना।
अवधारणाAoN रक्षा अधिग्रहण प्रक्रिया (DAP) 2020 के अंतर्गत पूंजीगत खरीद का पहला चरण है; इसमें Buy (Indian-IDDM) श्रेणी को सर्वोच्च प्राथमिकता है। VSHORADS = कम दूरी के हवाई खतरों के लिए मैन-पोर्टेबल वायु रक्षा।
₹2.12 लाख करोड़ AoN, 82% स्वदेशी हिस्सेदारी और 3 सेनाओं को दर्शाती स्टैट टाइलें, साथ में थलसेना, नौसेना व वायुसेना की प्रमुख प्रणालियाँ
₹2.12 लाख करोड़ AoN, 82% स्वदेशी हिस्सेदारी और 3 सेनाओं को दर्शाती स्टैट टाइलें, साथ में थलसेना, नौसेना व वायुसेना की प्रमुख प्रणालियाँ — StudyForGS

2. फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों के लिए E100 ऑटो ईंधन के रूप में अधिसूचित

ECONOMYCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS3 (ऊर्जा)
सिलेबस से संबंधGS3 – अवसंरचना: ऊर्जा; पर्यावरण व प्रदूषण। प्रारंभिक – एथेनॉल मिश्रण, फ्लेक्स-फ्यूल वाहन, राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति।
संदर्भसड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने 23 अक्टूबर 2026 की G.S.R. 911(E) द्वारा केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 में संशोधन कर उत्सर्जन मानकों, ईंधन विनिर्देशों व परीक्षण हेतु E85 के साथ E100 (लगभग शुद्ध एथेनॉल) को जोड़ा।
मुख्य तथ्य
  • संशोधन नियम 115 में; E85/E100 का उपयोग केवल OEM निर्मित फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों में — सामान्य या E20-कैलिब्रेटेड कारों में नहीं।
  • संबंधित तालिका में सकल वाहन भार सीमा 3,000 kg से 3,500 kg; B100 बायोडीज़ल मानक निर्धारित।
  • मसौदा 27 अप्रैल 2026 को 30 दिन की टिप्पणियों के लिए प्रकाशित हुआ था।
  • भारत ने मूल 2030 लक्ष्य से पहले E20 मिश्रण प्राप्त कर लिया; एथेनॉल क्षमता लगभग 20 अरब लीटर।
आगे की राहE100 खुदरा वितरण ढांचा बनाना, FFV को कर-समानता देना और खाद्य बनाम ईंधन टकराव से बचने हेतु 2G एथेनॉल की ओर फीडस्टॉक विविधीकरण।
अवधारणाफ्लेक्स-फ्यूल वाहन (FFV) – ऐसा इंजन जो पेट्रोल या E100 तक किसी भी एथेनॉल मिश्रण पर चलता है। राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति 2018 (2022 में संशोधित) ने E20 लक्ष्य को ESY 2025-26 तक आगे किया; PM JI-VAN योजना 2G एथेनॉल को समर्थन देती है।
भारत की एथेनॉल मिश्रण सीढ़ी का बार चार्ट — E5, E10 से E20, E85 और E100 तक; E85 व E100 केवल फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों के लिए
भारत की एथेनॉल मिश्रण सीढ़ी का बार चार्ट — E5, E10 से E20, E85 और E100 तक; E85 व E100 केवल फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों के लिए — StudyForGS

3. RELIEF निर्यात जोखिम-कवर योजना मार्च 2027 तक बढ़ाई गई

ECONOMYCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS3 (बाह्य क्षेत्र)
सिलेबस से संबंधGS3 – भारतीय अर्थव्यवस्था: बाह्य क्षेत्र, व्यापार नीति। प्रारंभिक – ECGC, निर्यात संवर्धन मिशन।
संदर्भपश्चिम एशिया में नौवहन बाधित रहने के कारण वाणिज्य विभाग ने RELIEF (Resilience & Logistics Intervention for Export Facilitation) योजना को छह माह बढ़ाकर 31 मार्च 2027 तक कर दिया, जिससे कम मार्जिन वाले निर्यातकों को राहत मिलेगी।
मुख्य तथ्य
  • निर्यात संवर्धन मिशन (EPM) के अंतर्गत 19 मार्च 2026 को शुरू।
  • घटक I: 14 फ़रवरी–15 मार्च 2026 के बीच भेजी गई ECGC-कवर खेपों पर बिना अतिरिक्त लागत 100% तक जोखिम कवर।
  • घटक II: निर्दिष्ट क्षेत्रों की खेपों पर नए ECGC बीमा के साथ 95% जोखिम कवर; प्रीमियम संकट-पूर्व स्तर पर स्थिर।
  • FCL, LCL और रीफ़र कार्गो शामिल; ऊर्जा खेपें बाहर; ECGC लिमिटेड नोडल एजेंसी।
आगे की राहजोखिम कवर के साथ माल-भाड़ा सहायता, तेज़ दावा निपटान और संघर्ष-प्रभावित गलियारों से हटकर बाज़ार विविधीकरण।
अवधारणाECGC (स्थापना 1957, वाणिज्य मंत्रालय) वाणिज्यिक व राजनीतिक जोखिमों के विरुद्ध निर्यात ऋण बीमा देता है। EPM – निर्यात सहायता योजनाओं को एकीकृत करने हेतु बजट 2025-26 में घोषित अम्ब्रेला मिशन।

4. पाँच-नैनोबॉडी 'कॉकटेल' प्रतिविष भारतीय कोबरा से सुरक्षा देता है

HEALTHCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS2/GS3 (स्वास्थ्य, जैव-प्रौद्योगिकी)
सिलेबस से संबंधGS2 – स्वास्थ्य। GS3 – जैव-प्रौद्योगिकी। प्रारंभिक – नैनोबॉडी, प्रतिविष, 'बिग फोर' सर्प, NTD।
संदर्भIISc बेंगलुरु (सेंटर फ़ॉर इकोलॉजिकल साइंसेज़) और डेनमार्क तकनीकी विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने एक सहकर्मी-समीक्षित अंतरराष्ट्रीय पत्रिका में एक पुनः संयोजक, नैनोबॉडी-आधारित प्रतिविष की जानकारी दी, जिसने चूहों में भारतीय कोबरा व किंग कोबरा के विष को निष्क्रिय किया।
मुख्य तथ्य
  • ऊँट-वंशीय (अल्पाका/लामा) एंटीबॉडी से प्राप्त पाँच नैनोबॉडी का कॉकटेल।
  • चश्माधारी व एकचश्मी कोबरा और भारत की दोनों किंग कोबरा प्रजातियों से सुरक्षा, विष के 30 मिनट बाद देने पर भी।
  • सूक्ष्मजीवी अभिव्यक्ति प्रणालियों में निर्मित — घोड़े के प्लाज़्मा की ज़रूरत नहीं; बहुत छोटी खुराक प्रभावी।
  • भारत में प्रति वर्ष लगभग 50,000 सर्पदंश मौतें — विश्व में सर्वाधिक।
आगे की राहमानव क्लिनिकल ट्रायल की ओर बढ़ना, करैत और वाइपर तक कवरेज बढ़ाना और अंतिम छोर तक पहुँच हेतु राष्ट्रीय सर्पदंश कार्य योजना से जोड़ना।
अवधारणावर्तमान भारतीय बहुसंयोजी प्रतिविष (घोड़े से प्राप्त) बिग फोर को लक्षित करता है: चश्माधारी कोबरा, सामान्य करैत, रसेल वाइपर, सॉ-स्केल्ड वाइपर। WHO ने 2017 में सर्पदंश को उपेक्षित उष्णकटिबंधीय रोग घोषित किया; लक्ष्य – 2030 तक मौतें आधी करना।

5. चक्रवात अर्नब: लैंडफॉल से पहले आंध्र प्रदेश, ओडिशा में निकासी तेज़

ENVIRONMENTCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS1/GS3 (आपदा प्रबंधन)
सिलेबस से संबंधGS1 – महत्वपूर्ण भूभौतिकीय घटनाएँ (चक्रवात)। GS3 – आपदा प्रबंधन। प्रारंभिक – चक्रवात नामकरण, IMD श्रेणियाँ।
संदर्भबंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात अर्नब 28 अक्टूबर 2026 की सुबह अति प्रचंड चक्रवाती तूफ़ान के रूप में आंध्र प्रदेश–यानम तट पार करेगा; निरंतर हवाएँ 115–125 km/h, झोंके 140 km/h तक।
मुख्य तथ्य
  • अर्नब नाम क्षेत्रीय सूची में बांग्लादेश ने दिया था।
  • काकीनाडा, पूर्वी व पश्चिमी गोदावरी, एलुरु, कृष्णा, NTR के लिए रेड अलर्ट (>200 mm/24 घंटे)।
  • ओडिशा: गंजाम, गजपति, रायगड़ा, मलकानगिरी, कोरापुट, नबरंगपुर अलर्ट पर।
  • आंध्र में 10 NDRF टीमें, 16 और तैयार; सशस्त्र बल व तटरक्षक तैनाती हेतु तैयार।
आगे की राहशून्य-हताहत मॉडल (ओडिशा) अपनाना, बिजली व दूरसंचार की सुरक्षा और गोदावरी–कृष्णा डेल्टा में लैंडफॉल के बाद बाढ़ की तैयारी।
अवधारणाउत्तर हिंद महासागर में नाम RSMC नई दिल्ली WMO/ESCAP पैनल के 13 सदस्यों की सूची से देता है। IMD पैमाना: VSCS 118–165 km/h, ESCS 166–220, सुपर साइक्लोन ≥222 km/h।
'समाचार में भारत' मानचित्र, क्रमांकित पिन: यानम के पास चक्रवात अर्नब का लैंडफॉल, ओडिशा के निकासी ज़िले, बक्सा टाइगर रिज़र्व, अरुणाचल LAC, कुडनकुलम और नई दिल्ली
'समाचार में भारत' मानचित्र, क्रमांकित पिन: यानम के पास चक्रवात अर्नब का लैंडफॉल, ओडिशा के निकासी ज़िले, बक्सा टाइगर रिज़र्व, अरुणाचल LAC, कुडनकुलम और नई दिल्ली — StudyForGS

6. WMO: 'सुपर' अल नीनो अब तक के सबसे प्रबल में से एक हो सकता है

ENVIRONMENTCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS1/GS3 (जलवायु)
सिलेबस से संबंधGS1 – जलवायु विज्ञान, मानसून। GS3 – जलवायु परिवर्तन, खाद्य सुरक्षा। प्रारंभिक – ENSO, नीनो 3.4, IOD।
संदर्भविश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) को अक्टूबर–दिसंबर 2026 में मध्य-पूर्वी उष्णकटिबंधीय प्रशांत में रिकॉर्ड समुद्री सतह तापमान की आशंका है, जो दिसंबर के आसपास चरम पर होगा और प्रभाव 2027 की शुरुआत तक रहेंगे।
मुख्य तथ्य
  • नीनो 3.4 विसंगति +1.6°C (जून) से बढ़कर +2.5°C (अगस्त); अक्टूबर–दिसंबर का पूर्वानुमान लगभग +3.7°C।
  • पिछला रिकॉर्ड: +2.6°C (नवंबर 2015–जनवरी 2016)।
  • भारत का 2026 दक्षिण-पश्चिम मानसून लगभग 13% कम रहा (IMD)।
  • मध्य व दक्षिणी प्रायद्वीप में अक्टूबर–दिसंबर वर्षा सामान्य से कम संभावित; दक्षिण एशिया में तापमान सामान्य से अधिक।
आगे की राहरबी आकस्मिक योजनाएँ तैयार करना, जलाशय भंडारण की रक्षा, 2027 के लिए हीट एक्शन प्लान का विस्तार और खाद्य बफ़र स्टॉक तैयार रखना।
अवधारणाअल नीनो – ENSO का गर्म चरण; वॉकर परिसंचरण और प्रायः भारतीय मानसून को कमज़ोर करता है। नीनो 3.4 सूचकांक (5°N–5°S, 170°W–120°W) +0.5°C से ऊपर होने पर अल नीनो; धनात्मक IOD इसकी भरपाई कर सकता है।
नीनो 3.4 समुद्री सतह तापमान विसंगति का बार चार्ट: जून +1.6°C, अगस्त +2.5°C, अक्टूबर–दिसंबर 2026 का पूर्वानुमान लगभग +3.7°C, जबकि 2015-16 का रिकॉर्ड +2.6°C
नीनो 3.4 समुद्री सतह तापमान विसंगति का बार चार्ट: जून +1.6°C, अगस्त +2.5°C, अक्टूबर–दिसंबर 2026 का पूर्वानुमान लगभग +3.7°C, जबकि 2015-16 का रिकॉर्ड +2.6°C — StudyForGS

7. समाचार प्रकाशकों ने DPDP अधिनियम को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी; केंद्र को नोटिस

POLITYCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS2 (अधिकार व शासन)
सिलेबस से संबंधGS2 – मौलिक अधिकार, पारदर्शिता व जवाबदेही, RTI। प्रारंभिक – DPDP अधिनियम 2023, डेटा संरक्षण बोर्ड, अनु. 19 व 21।
संदर्भ27 अक्टूबर 2026 को CJI सूर्यकांत तथा न्यायमूर्ति जॉयमाल्य बागची व वी. मोहना की पीठ ने डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन अधिनियम, 2023 व उसके नियमों के प्रावधानों के विरुद्ध डिजिटल न्यूज़ पब्लिशर्स एसोसिएशन (DNPA) की याचिका पर केंद्र को नोटिस जारी किया।
मुख्य तथ्य
  • याचिका: पत्रकारिता गतिविधि के लिए छूट नहीं; सहमति नियम सामान्य समाचार-संग्रह को असंभव बना सकते हैं और स्रोतों को उजागर कर सकते हैं।
  • डेटा फिड्यूशियरी से सूचना माँगने की केंद्र की शक्ति को चुनौती।
  • RTI अधिनियम धारा 8(1)(j) के संशोधन को भी चुनौती, जो व्यक्तिगत सूचना छूट को व्यापक बनाता है।
  • अंतरिम रोक की माँग; अगली सुनवाई 17 नवंबर 2026 को।
आगे की राहजनहित परीक्षण सहित सीमित पत्रकारिता छूट (GDPR मॉडल की तरह) निजता, प्रेस स्वतंत्रता और जानने के अधिकार में संतुलन बना सकती है।
अवधारणाके.एस. पुट्टास्वामी (2017) ने निजता को अनु. 21 के अंतर्गत मौलिक अधिकार घोषित किया। DPDP अधिनियम 2023 भारतीय डेटा संरक्षण बोर्ड बनाता है; दंड ₹250 करोड़ तक; नियम 2025 में अधिसूचित। प्रेस स्वतंत्रता अनु. 19(1)(a) से, अनु. 19(2) के अधीन।
DPDP अधिनियम चुनौती का माइंड-मैप: याचिकाकर्ता के आधार (पत्रकारिता छूट नहीं, सहमति का बोझ, राज्य की सूचना माँगने की शक्ति, RTI 8(1)(j) संशोधन) जो अनु. 19(1)(a), 21 और सूचना के अधिकार से जुड़े हैं
DPDP अधिनियम चुनौती का माइंड-मैप: याचिकाकर्ता के आधार (पत्रकारिता छूट नहीं, सहमति का बोझ, राज्य की सूचना माँगने की शक्ति, RTI 8(1)(j) संशोधन) जो अनु. 19(1)(a), 21 और सूचना के अधिकार से जुड़े हैं — StudyForGS

8. ECI ने SC से कहा: CEC को केवल सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश की तरह हटाया जा सकता है

POLITYCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS2 (संवैधानिक निकाय)
सिलेबस से संबंधGS2 – संवैधानिक निकाय, चुनाव सुधार। प्रारंभिक – अनु. 324, CEC व EC अधिनियम 2023, SIR।
संदर्भ26 अक्टूबर 2026 को दायर लगभग 250 पृष्ठों के संयुक्त प्रति-शपथपत्र में भारत निर्वाचन आयोग ने CEC ज्ञानेश कुमार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने वाली याचिकाओं के विरुद्ध कहा कि उन्हें केवल SC न्यायाधीश की तरह और उन्हीं आधारों पर हटाया जा सकता है।
मुख्य तथ्य
  • CEC ज्ञानेश कुमार तथा EC सुखबीर सिंह संधू व विवेक जोशी द्वारा हस्ताक्षरित; सर्वसम्मति से स्वीकृत।
  • आंतरिक मतभेद के दावे खारिज; कहा कि समाचार रिपोर्टें साक्ष्य नहीं हैं।
  • तीन SIR आदेश (24 जून 2025, 27 अक्टूबर 2025, 14 मई 2026) सर्वसम्मत थे; फ़ॉर्म 6 में संशोधन नहीं हुआ।
  • 5 अक्टूबर को SC ने कहा था कि वह EC के निर्णयों की जाँच करेगा और कानून के अनुरूप न होने पर उन्हें रद्द करेगा।
आगे की राहसंस्थागत विश्वसनीयता हेतु पारदर्शी निर्णय अभिलेख, सामूहिक कार्यप्रणाली और चुनाव सुधार समितियों के सुझाव अनुसार ECs को समान पद-सुरक्षा आवश्यक।
अवधारणाअनु. 324(5): CEC को केवल SC न्यायाधीश की तरह हटाया जा सकता है (सिद्ध कदाचार/अक्षमता; दोनों सदनों में विशेष बहुमत); ECs को CEC की सिफ़ारिश पर हटाया जा सकता है। 2023 अधिनियम ने चयन समिति में PM, लोकसभा में LoP और एक केंद्रीय कैबिनेट मंत्री रखे।

9. मक्का पैक्ट देशों की तेहरान में पहली तनाव-कम करने वाली वार्ता

IRCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS2 (अंतरराष्ट्रीय संबंध)
सिलेबस से संबंधGS2 – अन्य देशों की नीतियों का भारत के हितों पर प्रभाव; पश्चिम एशिया। प्रारंभिक – मक्का पैक्ट सदस्य, हूती, लाल सागर भूगोल।
संदर्भमक्का पैक्ट — सऊदी अरब, तुर्किये और पाकिस्तान — के वरिष्ठ अधिकारियों ने 26 अक्टूबर 2026 को तेहरान में ईरानी अधिकारियों से भेंट की और वार्ता जारी रखने पर सहमति दी, जबकि यमन के हूतियों ने सऊदी अरब पर मिसाइल व ड्रोन हमले तेज़ किए।
मुख्य तथ्य
  • अगस्त 2026 में हस्ताक्षरित पैक्ट: एक सदस्य पर हमला सभी पर हमला माना जाएगा।
  • उपस्थित: सऊदी रक्षा मंत्री ख़ालिद बिन सलमान, पाकिस्तानी सेना प्रमुख आसिम मुनीर, तुर्किये के ख़ुफ़िया प्रमुख इब्राहिम कालिन; मेज़बान – ईरान के SNSC सचिव।
  • पाकिस्तान ने अनुमोदन कर दिया है; तुर्किये की संसद में प्रक्रिया जारी।
  • पिछले सप्ताह हूती हमले मक्का और किंग फ़हद हवाई अड्डे के पास हुए।
आगे की राहभारत को खाड़ी में अपने ~90 लाख प्रवासी, ऊर्जा आपूर्ति और लाल सागर नौवहन की रक्षा करनी होगी तथा पाकिस्तान–सऊदी सुरक्षा गठजोड़ पर बारीकी से नज़र रखनी होगी।
अवधारणासामूहिक रक्षा खंड NATO अनु. 5 जैसा है। हूती (अंसार अल्लाह) उत्तरी यमन पर नियंत्रण रखते हैं; बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य लाल सागर को अदन की खाड़ी से जोड़ता है — भारत–यूरोप व्यापार का प्रमुख मार्ग।
क्षेत्रीय मानचित्र जिसमें मक्का पैक्ट सदस्य सऊदी अरब, तुर्किये व पाकिस्तान, मेज़बान ईरान, हूती-नियंत्रित यमन और भारत चिह्नित हैं; तेहरान व बाब-अल-मंदेब दर्शाए गए
क्षेत्रीय मानचित्र जिसमें मक्का पैक्ट सदस्य सऊदी अरब, तुर्किये व पाकिस्तान, मेज़बान ईरान, हूती-नियंत्रित यमन और भारत चिह्नित हैं; तेहरान व बाब-अल-मंदेब दर्शाए गए — StudyForGS

10. अरुणाचल में LAC तनाव के बीच चीन बोला — सीमा समझौतों का 'कड़ाई से पालन'

IRCOMMON: प्रारंभिक + मुख्य GS2/GS3 (भारत–चीन, सीमा प्रबंधन)
सिलेबस से संबंधGS2 – भारत और उसका पड़ोस। GS3 – सीमा प्रबंधन। प्रारंभिक – LAC सेक्टर, ITBP, सीमा समझौते।
संदर्भचीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने 26 अक्टूबर 2026 को कहा कि चीन भारत के साथ समझौतों व साझा सहमतियों का कड़ाई से पालन करता है; यह MEA की उस टिप्पणी का उत्तर था कि चीनी सैनिक स्थापित गश्त पैटर्न से हटते हैं तो LAC पर तनाव होता है।
मुख्य तथ्य
  • MEA प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने LAC पर समय-समय पर होने वाले तनाव की ओर संकेत किया था।
  • ITBP महानिदेशक शत्रुजीत कपूर ने कहा कि अरुणाचल प्रदेश के कई स्थानों पर आमना-सामना जारी है।
  • बीजिंग ने कहा कि दोनों पक्ष राजनयिक व सैन्य चैनलों से संपर्क में हैं।
  • अरुणाचल ~3,488 km लंबी LAC के पूर्वी सेक्टर में है।
आगे की राहWMCC और कोर कमांडर वार्ताओं से गश्त प्रोटोकॉल सुनिश्चित करना, साथ ही वाइब्रेंट विलेजेज़ व सीमा सड़क अवसंरचना में तेज़ी।
अवधारणाप्रमुख समझौते: 1993 शांति एवं सौहार्द समझौता, 1996 सैन्य CBM, 2005 प्रोटोकॉल, 2012 WMCC, 2013 BDCA; अक्टूबर 2024 में देपसांग व डेमचोक के लिए गश्त व्यवस्था।

आज का डेटा पॉइंट

~88%
भारत की कच्चे तेल की आयात निर्भरता
भारत की कच्चे तेल की लगभग 88% ज़रूरत आयात से पूरी होती है — यही E20 (प्राप्त) और नए E100 फ्लेक्स-फ्यूल प्रयास का मूल कारण है; एथेनॉल क्षमता अब लगभग 20 अरब लीटर प्रति वर्ष है।

प्रारंभिक परीक्षा रैपिड-फायर

SC कॉलेजियम ने न्यायमूर्ति पी. सैम कोशी को दिल्ली उच्च न्यायालय का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफ़ारिश की।
वाल्मीकि TR (बिहार) से बक्सा TR (पश्चिम बंगाल) लाई गई बाघिन T-138 भटककर असम पहुँची।
पैदल सेना दिवस (27 अक्टूबर) जम्मू-कश्मीर की रक्षा हेतु 1947 में श्रीनगर में 1 सिख की हवाई लैंडिंग की स्मृति में।
MoRTH 28 अक्टूबर 2026 को दिल्ली-NCR में परिवर्तन योजना के तहत ट्रांसपोर्ट मेला आयोजित करेगा।
GeM ने स्थानीय कारीगरों के समर्थन हेतु विरासत उत्पादों के 'द आभार कलेक्शन' को बढ़ावा दिया।
कुडनकुलम (तमिलनाडु) – रूस के सहयोग से बना भारत का सबसे बड़ा परमाणु संयंत्र (VVER रिएक्टर); साइबर सुरक्षा चर्चा में।

अभ्यास MCQs — UPSC Prelims पैटर्न

Q1. भारत में E100 ईंधन की अनुमति देने वाली हालिया अधिसूचना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. यह केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 में संशोधन द्वारा जारी की गई। 2. E100 का उपयोग E20 के लिए कैलिब्रेटेड किसी भी पेट्रोल वाहन में किया जा सकता है। 3. राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति, 2018 के अंतर्गत E20 का मूल लक्ष्य वर्ष 2030 था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

  1. केवल 1
  2. केवल 1 और 3
  3. केवल 2 और 3
  4. 1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: B
E100 को CMVR, 1989 के नियम 115 (G.S.R. 911(E)) में जोड़ा गया। इसका उपयोग केवल OEM निर्मित फ्लेक्स-फ्यूल वाहनों में हो सकता है, E20-कैलिब्रेटेड कारों में नहीं, अतः कथन 2 गलत है। 2018 की नीति में E20 का लक्ष्य 2030 था; 2022 के संशोधन ने इसे ESY 2025-26 कर दिया।

Q2. भारत निर्वाचन आयोग के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. मुख्य चुनाव आयुक्त को केवल सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश की तरह और उन्हीं आधारों पर पद से हटाया जा सकता है। 2. किसी चुनाव आयुक्त को केवल मुख्य चुनाव आयुक्त की सिफ़ारिश पर ही पद से हटाया जा सकता है। 3. 2023 अधिनियम के अंतर्गत भारत के मुख्य न्यायाधीश मुख्य चुनाव आयुक्त का चयन करने वाली समिति के सदस्य हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

  1. केवल 1
  2. केवल 1 और 2
  3. केवल 2 और 3
  4. 1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: B
कथन 1 और 2 अनुच्छेद 324(5) से निकलते हैं। 2023 अधिनियम ने PM, लोकसभा में विपक्ष के नेता और PM द्वारा नामित एक केंद्रीय कैबिनेट मंत्री की समिति बनाई — CJI इसके सदस्य नहीं हैं, अतः कथन 3 गलत है।

मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न

Q. डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन अधिनियम, 2023 सूचनात्मक निजता को सुरक्षित करना चाहता है, किंतु आलोचकों का तर्क है कि यह पत्रकारिता को हतोत्साहित कर सकता है और सूचना के अधिकार व्यवस्था को कमज़ोर कर सकता है। समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए। (15 अंक, 250 शब्द)

संकेत / दृष्टिकोण
भूमिका: पुट्टास्वामी (2017) → DPDP अधिनियम। मुख्य भाग: लाभ (सहमति, डेटा संरक्षण बोर्ड, ₹250 करोड़ तक दंड) बनाम चिंताएँ (पत्रकारिता छूट नहीं, रिपोर्टिंग पर सहमति का बोझ, राज्य की सूचना माँगने की शक्ति, RTI धारा 8(1)(j) संशोधन)। निष्कर्ष: जनहित परीक्षण, GDPR जैसी छूट, आनुपातिकता।
📌 एक पंक्ति में रिवीज़न: ₹2.12 लाख करोड़ DAC AoN (82% स्वदेशी) • CMVR नियम 115 के तहत E100 • RELIEF 31-3-2027 तक • चक्रवात अर्नब (बांग्लादेश) • DNPA बनाम DPDP अधिनियम • CEC हटाना = SC न्यायाधीश (अनु. 324(5)) • मक्का पैक्ट: सऊदी–तुर्किये–पाकिस्तान
← 26 October 2026सभी UPSC करेंट अफेयर्स2 November 2026 →

UPSC सिविल सेवा की तैयारी कर रहे हैं?

मुफ़्त UPSC Prelims PYQs से अभ्यास करें, सिलेबस का हर माइक्रो-टॉपिक ट्रैक करें, और रोज़ Telegram पर पूरी PDF डाइजेस्ट पाएँ।

अन्य परीक्षाओं के करेंट अफेयर्स — 27 October 2026