Friday, 6 November 2026 · IST · उत्तर प्रदेश + राष्ट्रीय · 9 टॉपिक · 2 MCQs
उत्तर प्रदेश ने आपदा में मृत्यु पर अनुग्रह राशि दोगुनी कर ₹8 लाख कर दी है और अप्रैल से हुई क्षति के लिए फसल-क्षति राहत लगभग 30% तक बढ़ाई है, वहीं अयोध्या 7 नवंबर को 10वें दीपोत्सव हेतु लगभग 30 लाख दीयों की तैयारी कर रही है। चार लिंक एक्सप्रेसवे (₹17,542 करोड़) और नोएडा-जेवर एयरपोर्ट के पास पूर्वी एशियाई निवेश एन्क्लेव पर हाल के मंत्रिमंडलीय निर्णय UP की तस्वीर पूरी करते हैं; राष्ट्रीय स्तर पर फ़ास्ट ट्रैक विशेष न्यायालय 2031 तक बढ़ाए गए और अग्निवीरों को दो वर्ष के विस्तार का विकल्प मिला।
आज एक नज़र में — याद रखने वाली बातें
UP में आपदा मृत्यु अनुग्रह राशि दोगुनी होकर ₹8 लाख; सिंचित फसल-क्षति राहत ₹22,000/हेक्टेयर।
7 नवंबर को 10वाँ अयोध्या दीपोत्सव: 30 लाख दीये, 56 घाट, 2,147 अर्चक।
UP कर्मचारियों को 30 दिन का तदर्थ बोनस: 25% नकद, 75% PF में।
चार लिंक एक्सप्रेसवे: ₹17,542 करोड़, ~322 किमी (फ़र्रुख़ाबाद, पूर्वांचल, झाँसी, जेवर)।
नोएडा-जेवर एयरपोर्ट के पास जापान, कोरिया व सिंगापुर के 500 एकड़ के एन्क्लेव प्रस्तावित।
मंत्रिमंडल ने UP-AIM, स्टार्टअप प्रोक्योरमेंट स्कीम-2026 और SAF नीति को मंज़ूरी दी।
FTSC योजना2031 तक बढ़ी: ₹3,788 करोड़, न्यायालय 779 → 850।
75% अग्निवीर2 वर्ष और सेवा कर सकेंगे; 25% नियमित होंगे।
QS एशिया 2027: भारत के 325 संस्थान; IIT दिल्ली 66 पर शीर्ष भारतीय।
विस्तृत नोट्स
1. UP ने आपदा अनुग्रह राशि दोगुनी कर ₹8 लाख की, फसल-क्षति राहत लगभग 30% तक बढ़ाई
UP-SCHEMEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (UP-विशेष GS-VI)
सिलेबस से संबंध
GS-III आपदा प्रबंधन, कृषि एवं किसान कल्याण; GS-VI उत्तर प्रदेश की कृषि एवं आपदा प्रोफ़ाइल
संदर्भ
दीपावली से पहले राज्य सरकार ने 1 अप्रैल से 4 नवंबर 2026 के बीच वर्षा, बाढ़ और सूखे से हुई क्षति के लिए राहत मानक संशोधित किए।
मुख्य तथ्य
प्राकृतिक आपदा में मृत्यु पर अनुग्रह राशि ₹4 लाख से बढ़ाकर ₹8 लाख (दोगुनी)।
पशुधन: बड़ा पशु ₹40,000 → ₹50,000; बकरी/भेड़/सूअर ₹4,000 → ₹5,500; मुर्गी ₹100 → ₹130 प्रति पक्षी।
पूर्णतः नष्ट मकान: ₹1.85 लाख (मैदानी) / ₹2.06 लाख (पर्वतीय); राहत शिविर में 30 दिन तथा सूखे में पेयजल हेतु 90 दिन की सहायता।
भुगतान SDRF/NDRF मानकों के अंतर्गत; 10 लाख से अधिक किसानों को लाभ की संभावना।
आगे की राह
उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा खाद्यान्न उत्पादक है और इसके तराई व पूर्वी जिले बाढ़-प्रवण हैं; बढ़े हुए राहत मानक छोटे किसानों को सहारा देते हैं, पर इनके साथ तेज़ क्षति-आकलन और व्यापक फसल बीमा कवरेज भी आवश्यक है।
अवधारणा
SDRF का गठन आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 48 के अंतर्गत होता है; सामान्य श्रेणी के राज्यों के SDRF में केंद्र 75% अंशदान देता है।
समूहित बार चार्ट जिसमें UP की पुरानी और नई राहत दरों की तुलना है: प्रति हेक्टेयर फसल क्षति (सिंचित 17 से 22 हज़ार रुपये, असिंचित 8.5 से 11, बहुवर्षीय 22.5 से 30, गाद हटाना 18 से 23) तथा प्रति पशु (बड़ा पशु 40 से 50 हज़ार, भारवाहक 20 से 25.4, बकरी/भेड़/सूअर 4 से 5.5); मृत्यु पर अनुग्रह राशि 4 से 8 लाख रुपये। — StudyForGS
2. 7 नवंबर को 10वाँ अयोध्या दीपोत्सव: सरयू के 56 घाटों पर 30 लाख दीये
UP-CULTUREUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-I (UP-विशेष GS-V)
सिलेबस से संबंध
GS-I भारतीय संस्कृति, मेले एवं त्योहार; GS-V उत्तर प्रदेश की संस्कृति, विरासत एवं पर्यटन
संदर्भ
दीपावली की पूर्व संध्या (7 नवंबर) पर राज्य द्वारा आयोजित दीपोत्सव के लिए अयोध्या में अंतिम तैयारियाँ चल रही हैं।
मुख्य तथ्य
10वाँ संस्करण; उत्सव की शुरुआत 2017 में 1.71 लाख दीयों से हुई थी।
56 घाटों पर लगभग 30 लाख दीयों का लक्ष्य; 2025 में 26.17 लाख दीयों से विश्व रिकॉर्ड बना था।
2,147 अर्चकों द्वारा सरयू महाआरती (2025 में 2,128, गिनीज़ रिकॉर्ड); लगभग 2,100 ड्रोन से रामायण प्रसंगों का प्रदर्शन।
राम की पैड़ी पर नया ओपन-एयर थिएटर (~₹23.68 करोड़, पर्यटन विभाग फेज़-2, श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद) — वर्ष भर सांस्कृतिक कार्यक्रमों हेतु।
आगे की राह
दीपोत्सव उत्तर प्रदेश का प्रमुख सांस्कृतिक-पर्यटन ब्रांड बन चुका है; यह स्थानीय कुम्हारों (मिट्टी के दीये) की अर्थव्यवस्था और धार्मिक पर्यटन सर्किट को बढ़ावा देता है, साथ ही भीड़ एवं नदी-प्रदूषण प्रबंधन की आवश्यकता भी बढ़ाता है।
अवधारणा
अयोध्या सरयू (घाघरा) नदी के दाहिने तट पर स्थित है; 2018 में फ़ैज़ाबाद जिले का नाम बदलकर अयोध्या किया गया।
अयोध्या दीपोत्सव में वर्षवार जलाए गए दीयों का बार चार्ट: 2017 में 1.71 लाख, 2018 में 3.01 लाख, 2019 में 4.04 लाख, 2020 में 6.06 लाख, 2021 में 9.41 लाख, 2022 में 15.76 लाख, 2023 में 22.23 लाख, 2024 में 25.12 लाख, 2025 में 26.17 लाख तथा 2026 में 30 लाख का लक्ष्य। — StudyForGS
3. UP राज्य कर्मचारियों को 30 दिन का तदर्थ दीपावली बोनस; 75% राशि PF में जाएगी
UP-GOVERNANCEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II (UP-विशेष GS-V)
सिलेबस से संबंध
GS-II राज्य प्रशासन एवं कल्याण; GS-V उत्तर प्रदेश शासन एवं लोक वित्त
संदर्भ
5 नवंबर को जारी शासनादेश से वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 30 दिन का तदर्थ बोनस स्वीकृत किया गया।
मुख्य तथ्य
अराजपत्रित राज्य कर्मचारी तथा सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों, स्थानीय निकायों व जिला पंचायतों के पात्र कर्मचारी शामिल।
25% नकद, 75% भविष्य निधि (PF) खाते में जमा।
दैनिक वेतनभोगियों के लिए अधिकतम ₹1,184; सेवानिवृत्त/सेवानिवृत्त होने वाले कर्मियों को पूरा बोनस नकद।
आगे की राह
नकद-PF विभाजन त्योहारी माँग को सहारा देता है और साथ ही तात्कालिक राजकोषीय व मुद्रास्फीतिक प्रभाव को सीमित रखता है — राज्य वेतन नीति का यह सामान्य उपकरण है।
4. $1 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था के लक्ष्य हेतु नोएडा-जेवर एयरपोर्ट के पास जापान, कोरिया व सिंगापुर एन्क्लेव
UP-ECONOMYUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (UP-विशेष GS-VI)
सिलेबस से संबंध
GS-III निवेश मॉडल, औद्योगिक नीति; GS-VI उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था एवं औद्योगिक विकास
संदर्भ
इस सप्ताह सिंगापुर के व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने लखनऊ में मुख्यमंत्री से भेंट की; राज्य देश-विशिष्ट टाउनशिप हेतु पूर्वी एशियाई पूँजी आकर्षित कर रहा है।
मुख्य तथ्य
एयरपोर्ट के पास YEIDA द्वारा तीन 500 एकड़ एन्क्लेव (जापान, दक्षिण कोरिया, सिंगापुर) प्रस्तावित; एयरपोर्ट का नाम अब नरेंद्र मोदी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, नोएडा-जेवर (अक्टूबर 2026)।
भारत के लगभग 55% मोबाइल फ़ोन UP में बनते हैं; फ़रवरी 2026 की सिंगापुर यात्रा में ₹60,000 करोड़ के MoU हुए।
दिसंबर में ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 3.0 में लगभग ₹8 लाख करोड़ की परियोजनाओं का शुभारंभ प्रस्तावित।
आगे की राह
देश-विशिष्ट एन्क्लेव (जापानी औद्योगिक टाउनशिप की तर्ज़ पर) तैयार भूमि, भाषा व नियामकीय सुविधा देते हैं — MoU को वास्तविक निवेश में बदलने के लिए यह आवश्यक है।
छह आँकड़ा टाइलें: 2030 तक 1 ट्रिलियन डॉलर UP अर्थव्यवस्था लक्ष्य; जापान, कोरिया व सिंगापुर हेतु 500-500 एकड़ के तीन एन्क्लेव; सिंगापुर यात्रा से 60,000 करोड़ रुपये के MoU; 70,000 करोड़ रुपये से अधिक प्रोत्साहन; 27 क्लस्टरों सहित 75,000 एकड़ से अधिक औद्योगिक भूमि बैंक; ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 3.0 में 8 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएँ। — StudyForGS
5. ₹17,542 करोड़ की चार लिंक एक्सप्रेसवे (≈322 किमी) से UP का एक्सप्रेसवे ग्रिड जुड़ेगा
UP-INFRAUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (UP-विशेष GS-VI)
सिलेबस से संबंध
GS-III अवसंरचना; GS-VI उत्तर प्रदेश की अवसंरचना, एक्सप्रेसवे एवं क्षेत्रीय विकास
संदर्भ
राज्य मंत्रिमंडल (27 अक्टूबर) ने 22 प्रस्ताव पारित किए, जिनमें प्रमुख हैं मौजूदा कॉरिडोरों को जोड़ने वाली चार लिंक एक्सप्रेसवे।
इसी बैठक में: IIT कानपुर के C3iHub के माध्यम से साइबर सुरक्षा संचालन केंद्र; PM MITRA टेक्सटाइल पार्क (1,000 एकड़, लखनऊ-हरदोई) हेतु मास्टर डेवलपर।
आगे की राह
लिंक एक्सप्रेसवे अलग-अलग कॉरिडोरों को एक नेटवर्क में बदलते हैं, जिससे पश्चिमी UP, NCR एयरपोर्ट हब, बुंदेलखंड और पूर्वांचल के बीच माल-ढुलाई का समय घटता है — $1 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था लक्ष्य के लिए यह अहम है।
अवधारणा
उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे का निर्माण UPEIDA (उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण) करता है, जिसकी स्थापना 2007 में हुई।
उत्तर प्रदेश के जिलों का मानचित्र जिसमें लिंक-एक्सप्रेसवे वाले जिले केसरिया रंग में (इटावा, कन्नौज, मैनपुरी, फ़र्रुख़ाबाद, हरदोई, शाहजहाँपुर, झाँसी, जालौन, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर) तथा अयोध्या (दीपोत्सव), लखनऊ (एयरपोर्ट पुरस्कार, PM MITRA पार्क), भदोही (नया नाम संत रविदास नगर भदोही) और नोएडा-जेवर एयरपोर्ट चिह्नित हैं। — StudyForGS
6. तकनीक-आधारित शासन: UP-AIM, स्टार्टअप प्रोक्योरमेंट स्कीम और SAF नीति को मंज़ूरी
UP-GOVERNANCEUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III (UP-विशेष GS-VI)
सिलेबस से संबंध
GS-III विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, ऊर्जा; GS-II ई-गवर्नेंस; GS-VI उत्तर प्रदेश की नीतियाँ
संदर्भ
अक्टूबर की मंत्रिमंडल बैठकों में तकनीक और नई अर्थव्यवस्था से जुड़ी नीतियों का समूह स्वीकृत हुआ।
मुख्य तथ्य
राज्य की AI पहलों की स्थापना व संचालन हेतु उत्तर प्रदेश आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस मिशन (UP-AIM)।
स्टार्टअप्स से सरकारी ख़रीद बढ़ाने हेतु UP स्टार्टअप प्रोक्योरमेंट स्कीम-2026।
UP सस्टेनेबल एविएशन फ़्यूल (SAF) विनिर्माण प्रोत्साहन नीति-2026; प्रगति रोबोटिक्स पार्क; UP अंतर्देशीय जलयान नियमावली, 2026।
साथ ही: 18 शहरों में चार वर्षों में 6,650 वातानुकूलित ई-बसें, ग्रॉस कॉस्ट कॉन्ट्रैक्ट (GCC) मॉडल पर।
आगे की राह
सार्वजनिक ख़रीद स्टार्टअप्स के लिए माँग-पक्ष का सबसे सशक्त साधन है; AI मिशन और SAF प्रोत्साहनों के साथ UP पारंपरिक विनिर्माण से आगे उभरते क्षेत्रों में अपनी जगह बना रहा है।
अवधारणा
GCC मॉडल में सरकार ऑपरेटर को प्रति किमी निश्चित शुल्क देती है तथा किराया राजस्व और जोखिम स्वयं रखती है।
UP मंत्रिमंडल अक्टूबर 2026 के तकनीक एवं शासन संबंधी निर्णयों पर केंद्रित माइंड-मैप, छह शाखाओं सहित: UP-AIM (AI मिशन), स्टार्टअप प्रोक्योरमेंट स्कीम-2026, SAF विनिर्माण प्रोत्साहन नीति-2026, IIT कानपुर C3iHub द्वारा साइबर सुरक्षा संचालन केंद्र, प्रगति रोबोटिक्स पार्क तथा UP अंतर्देशीय जलयान नियमावली 2026। — StudyForGS
7. फ़ास्ट ट्रैक विशेष न्यायालय योजना ₹3,788 करोड़ के साथ 2031 तक बढ़ी; न्यायालय 850 होंगे
NATIONALUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II
सिलेबस से संबंध
GS-II न्यायपालिका, कमज़ोर वर्गों (महिलाएँ एवं बच्चे) का कल्याण
संदर्भ
केंद्रीय मंत्रिमंडल (4 नवंबर) ने बलात्कार व POCSO मामलों हेतु FTSC की केंद्र प्रायोजित योजना को वित्त वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक जारी रखा।
मुख्य तथ्य
परिव्यय ₹3,788.04 करोड़: केंद्र ₹2,353.15 करोड़ निर्भया फ़ंड से, राज्य ₹1,434.89 करोड़।
न्यायालय 779 से बढ़कर 850; मौजूदा में से 399 विशिष्ट POCSO न्यायालय हैं।
2 अक्टूबर 2019 को शुरुआत के बाद 4,02,457 से अधिक मामले निस्तारित; प्रत्येक न्यायालय में एक न्यायिक अधिकारी, एक विशेष लोक अभियोजक और 6 कर्मचारी।
आगे की राह
UP सहित अधिक POCSO लंबित मामलों वाले राज्यों को समर्पित क्षमता मिलेगी; त्वरित सुनवाई निवारण और पीड़ित-केंद्रित न्याय के लिए केंद्रीय है।
अवधारणा
FTSC आपराधिक विधि (संशोधन) अधिनियम, 2018 से उत्पन्न हैं; निर्भया फ़ंड 2013 में बनाया गया।
2026-31 के लिए 3,788 करोड़ रुपये के FTSC परिव्यय का डोनट चार्ट: केंद्र (निर्भया फ़ंड) 2,353.15 करोड़ (62%) तथा राज्य/केंद्रशासित प्रदेश 1,434.89 करोड़ (38%); न्यायालय 779 से 850; 2019 से 4,02,457 मामले निस्तारित। — StudyForGS
8. 4 वर्ष बाद नियमित न होने वाले अग्निवीर अग्निपथ के तहत 2 वर्ष और सेवा कर सकेंगे
NATIONALUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-III
सिलेबस से संबंध
GS-III आंतरिक सुरक्षा एवं रक्षा; GS-II सरकारी नीतियाँ
संदर्भ
2022 में शुरू हुई योजना की चार वर्षीय समीक्षा के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल ने अतिरिक्त सेवा विकल्प को मंज़ूरी दी।
मुख्य तथ्य
प्रत्येक बैच के 25% योग्यता के आधार पर नियमित कैडर में; शेष 75%दो वर्ष और सेवा का विकल्प चुन सकते हैं।
विस्तार अवधि में: अधिक वेतन, बेहतर सेवा निधि पैकेज और वरिष्ठता लाभ; पात्र होने पर नियमित भर्ती संभव।
UP संदर्भ: राज्य UP पुलिस की सीधी भर्ती में पूर्व अग्निवीरों को 20% आरक्षण देता है।
आगे की राह
यह परिवर्तन अग्निपथ की सबसे बड़ी आलोचना — कम सेवा अवधि और सेवा-उपरांत असुरक्षा — को संबोधित करता है, साथ ही सशस्त्र बलों की युवा प्रोफ़ाइल बनाए रखता है।
फ़्लोचार्ट: अग्निपथ (2022) के अंतर्गत अग्निवीर की 4 वर्ष की सेवा से दो शाखाएँ — 25% योग्यता से नियमित कैडर तथा 75% जो अधिक वेतन, बेहतर सेवा निधि व वरिष्ठता के साथ दो वर्ष और सेवा चुन सकते हैं, फिर पात्र होने पर नियमित भर्ती; साथ में UP पुलिस में पूर्व अग्निवीरों हेतु 20% आरक्षण। — StudyForGS
9. QS एशिया यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2027: भारत के 325 संस्थान, पर शीर्ष-100 वाले फिसले
EDUCATIONUPPSC: प्रारंभिक + मुख्य GS-II
सिलेबस से संबंध
GS-II शिक्षा, मानव संसाधन
संदर्भ
2027 संस्करण में 26 उच्च शिक्षा प्रणालियों के 1,722 विश्वविद्यालयों का 11 संकेतकों पर आकलन हुआ।
मुख्य तथ्य
भारत: 325 संस्थान (294 से अधिक), केवल मुख्यभूमि चीन (448) से पीछे।
शीर्ष 100 में केवल 6 भारतीय संस्थान, सभी की रैंक गिरी; IIT दिल्ली सर्वोच्च (59 → 66)।
लगभग 71% भारतीय विश्वविद्यालयों की रैंक गिरी; हांगकांग विश्वविद्यालय प्रथम।
आगे की राह
संख्या बढ़ रही है, पर गुणवत्ता में बदलने के लिए शोध उत्पादन, शिक्षक अनुपात और अंतरराष्ट्रीय दृष्टिकोण में NEP-2020 सुधारों की ज़रूरत है।
आज का डेटा पॉइंट
30 lakh
अयोध्या दीपोत्सव दीयों का लक्ष्य (10वाँ संस्करण) पहले संस्करण (2017) के 1.71 लाख और 2025 के 26.17 लाख से अधिक।
प्रारंभिक परीक्षा रैपिड-फायर
लखनऊ का चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा: ACI ASQ पुरस्कार 2025, जिसमें बेस्ट एयरपोर्ट एट अराइवल्स – वैश्विक शामिल
नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा (जेवर): नया नाम नरेंद्र मोदी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, नोएडा-जेवर (अक्टूबर 2026)
भदोही जिला: नया नाम संत रविदास नगर भदोही (अक्टूबर 2026)
सुहास एल.वाई. (UP खेल सचिव): एशियाई पैरा खेल 2026 में पुरुष एकल SL4 पैरा-बैडमिंटन में कांस्य
सैनिक स्कूल, मैनपुरी: 9.524 हेक्टेयर भूमि निःशुल्क हस्तांतरित (मंत्रिमंडल, 27 अक्टूबर)
प्रयागराज: उच्च न्यायालय अधिकारियों हेतु 845 आवासीय इकाइयाँ स्वीकृत
अभ्यास MCQs — UPPSC Prelims पैटर्न
Q1. उत्तर प्रदेश के संशोधित आपदा-राहत मानकों (नवंबर 2026) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. प्राकृतिक आपदा में मृत्यु पर अनुग्रह राशि बढ़ाकर ₹8 लाख की गई है।
2. सिंचित भूमि पर फसल क्षति का मुआवज़ा अब ₹22,000 प्रति हेक्टेयर है।
3. राहत पूर्णतः राज्य के अपने बजट से SDRF/NDRF ढाँचे के बाहर दी जाती है।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
केवल 1
केवल 1 और 2
केवल 2 और 3
1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: B मृत्यु पर अनुग्रह राशि ₹4 लाख से ₹8 लाख तथा सिंचित फसल क्षति ₹17,000 से ₹22,000/हेक्टेयर हुई। राहत SDRF/NDRF मानकों के तहत दी जाती है, अतः कथन 3 गलत है।
Q2. उत्तर प्रदेश में प्रस्तावित फ़र्रुख़ाबाद लिंक एक्सप्रेसवे निम्नलिखित में से किन्हें जोड़ेगा?
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे
यमुना एक्सप्रेसवे और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे
गंगा एक्सप्रेसवे और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे
उत्तर देखें
उत्तर: B लगभग 90.9 किमी लंबा फ़र्रुख़ाबाद लिंक, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे को गंगा एक्सप्रेसवे से इटावा, कन्नौज, मैनपुरी, फ़र्रुख़ाबाद, हरदोई और शाहजहाँपुर होकर जोड़ेगा।
मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न
Q. उत्तर प्रदेश ने आपदा अनुग्रह राशि दोगुनी कर दी है और फसल-क्षति राहत बढ़ाई है। परीक्षण कीजिए कि बढ़े हुए राहत मानक राज्य में जलवायु चरम घटनाओं के प्रति किसानों की संवेदनशीलता को किस सीमा तक कम कर सकते हैं, तथा पूरक उपाय सुझाइए। (125 शब्द, GS-VI)
संकेत / दृष्टिकोण
भूमिका: UP की बाढ़ (तराई, पूर्वी क्षेत्र) एवं सूखा (बुंदेलखंड) संवेदनशीलता। मुख्य भाग: लाभ — अधिक ₹/हेक्टेयर, पशुधन व आवास कवरेज, SDRF/NDRF आधार; सीमाएँ — विलंबित आकलन, बटाईदार किसान, कम बीमा कवरेज। आगे की राह: तकनीक-आधारित उपज आकलन सहित PMFBY, पूर्व चेतावनी, जलवायु-सहनशील बीज, FPO से जुड़ा भंडारण। निष्कर्ष: राहत से आगे लचीलापन।
📌 एक पंक्ति में रिवीज़न: मृत्यु अनुग्रह राशि ₹8 लाख | दीपोत्सव 10वाँ संस्करण, 30 लाख दीये | 4 लिंक एक्सप्रेसवे ₹17,542 करोड़ | FTSC 850, 2031 तक | 75% अग्निवीरों को +2 वर्ष।