मध्य प्रदेश 70 वर्ष का हुआ, लगभग ~24% औद्योगिक वृद्धि; PM मोदी ने भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन का उद्घाटन किया, भारत 300 GW गैर-जीवाश्म बिजली के करीब; मध्य प्रदेश में चीतों का तीसरा घर।
Monday, 2 November 2026 · IST · मध्य प्रदेश + राष्ट्रीय · 10 टॉपिक · 2 MCQs
मध्य प्रदेश ने अपना 70वाँ स्थापना दिवस मनाया, जिसमें सरकार ने लगभग 24% औद्योगिक वृद्धि और ₹12 लाख करोड़ के धरातल पर साकार निवेश की जानकारी दी। राष्ट्रीय स्तर पर प्रधानमंत्री ने नई दिल्ली में भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 का उद्घाटन किया, जिसमें 130+ देश शामिल हुए, जबकि भारत 300 GW गैर-जीवाश्म बिजली क्षमता के करीब है। पारिस्थितिकी में मध्य प्रदेश ने वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिज़र्व में चीतों का तीसरा आवास खोला।
आज एक नज़र में — याद रखने वाली बातें
मध्य प्रदेश अपना 70वाँ स्थापना दिवस मना रहा है (गठन 1 नवंबर 1956)।
मध्य प्रदेश सरकार के अनुसार ~24% औद्योगिक वृद्धि और ₹12 लाख करोड़ निवेश साकार।
लाडली बहना योजना की 41वीं किस्त: ~1.25 करोड़ महिलाओं को ₹1,500।
मध्य प्रदेश राज्य-स्वामित्व वाली MSME औद्योगिक विकास कंपनी बनाएगा।
चीतों का तीसरा घर वीरांगना दुर्गावती (नौरादेही) टाइगर रिज़र्व में खुला।
PM ने भारत मंडपम में भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 का उद्घाटन किया।
भारत 300 GWगैर-जीवाश्म स्थापित बिजली क्षमता के करीब।
EPFO वेतन सीमा ₹25,000 तक स्वीकृत; 2026 में कवरेज 68.4%।
NavIC NVS-03 को GSLV-F18 (20वीं GSLV उड़ान) से कक्षा में स्थापित किया गया।
वैश्विक नवाचार सूचकांक (GII) 2026: भारत 139 में से 38वें स्थान पर।
विस्तृत नोट्स
1. मध्य प्रदेश ने मनाया 70वाँ स्थापना दिवस
MADHYA PRADESHMPPSC: Prelims + Mains GS-I (मप्र इतिहास एवं संस्कृति)
सिलेबस से संबंध
मप्र का गठन एवं राज्य का दर्जा; राज्य प्रतीक; GS-I मप्र समाज एवं संस्कृति; Prelims: मप्र स्टैटिक GK।
संदर्भ
मध्य प्रदेश ने 1 नवंबर 2026 को अपना 70वाँ स्थापना दिवस मनाया। राज्य का गठन राज्य पुनर्गठन अधिनियम के तहत 1 नवंबर 1956 को हुआ था। नेताओं ने विकास के साथ-साथ विरासत पर बल दिया।
मुख्य तथ्य
मध्य प्रदेश का गठन 1 नवंबर 1956 को हुआ; राजधानी भोपाल है।
राज्य में ~24% औद्योगिक वृद्धि (पहले ऋणात्मक) और 24% से अधिक कृषि वृद्धि बताई गई।
धरातल पर ₹12 लाख करोड़ निवेश साकार होने का दावा।
मध्य प्रदेश दूध उत्पादन में देश में तीसरे स्थान पर; 2026 = किसान कल्याण वर्ष (2025 उद्योग वर्ष था)।
परियोजनाओं हेतु भूमि अधिग्रहण पर किसानों को भूमि मूल्य का चार गुना।
आगे की राह
वस्त्र पार्कों व औद्योगिक क्लस्टरों के माध्यम से वृद्धि को रोज़गार में बदलना और अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुँचाना।
अवधारणा
मप्र क्षेत्रफल में भारत का दूसरा सबसे बड़ा राज्य है; 2000 में छत्तीसगढ़ के अलग होने पर पुनर्गठित हुआ। गठन का आधार अनुच्छेद 3 एवं राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956 है।
स्टैट टाइल्स: मप्र ~24% औद्योगिक वृद्धि, >24% कृषि वृद्धि, ₹12 लाख करोड़ निवेश, दूध में तीसरा, ₹490 करोड़ MSME सब्सिडी। — StudyForGS
2. लाडली बहना योजना: 41वीं किस्त जारी
MADHYA PRADESHMPPSC: Prelims + Mains GS-II (शासन एवं सामाजिक न्याय)
सिलेबस से संबंध
कल्याणकारी योजनाएँ; महिला सशक्तिकरण; DBT; GS-II सामाजिक न्याय; Prelims: मप्र प्रमुख योजनाएँ।
संदर्भ
मध्य प्रदेश सरकार ने महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ अंतरण वाली प्रमुख योजना मुख्यमंत्री लाडली बहना योजना की 41वीं मासिक किस्त जारी की।
मुख्य तथ्य
प्रत्येक पात्र महिला को DBT के माध्यम से ₹1,500 अंतरित।
राज्य भर में लगभग 1.25 करोड़ महिलाएँ लाभार्थी।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन पाने वाली महिलाओं को ₹900 का घटक।
अंतरण के साथ लगभग ₹144.16 करोड़ के 136 विकास कार्य भी जोड़े गए।
योजना का लक्ष्य महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता व पोषण।
आगे की राह
आवर्ती DBT हेतु राजकोषीय गुंजाइश बनाए रखते हुए लाभार्थियों को आजीविका एवं स्वयं-सहायता समूह ऋण से जोड़ना।
अवधारणा
DBT धन सीधे आधार-लिंक्ड बैंक खातों में भेजता है, जिससे रिसाव घटता है। समान राज्य महिला-आय योजनाओं से तुलना करें; मप्र की प्रमुख योजनाओं में Prelims का पसंदीदा विषय।
3. मप्र बनाएगा राज्य-स्वामित्व वाली MSME विकास कंपनी
MADHYA PRADESHMPPSC: Prelims + Mains GS-III (मप्र अर्थव्यवस्था एवं उद्योग)
सिलेबस से संबंध
MSME; औद्योगिक नीति; रोज़गार; GS-III अर्थव्यवस्था; Prelims: मप्र उद्योग योजनाएँ।
संदर्भ
राज्य ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को सभी क्षेत्रों में औद्योगिक अवसंरचना व भूमि देने हेतु पूर्णतः राज्य-स्वामित्व वाली MSME औद्योगिक विकास कंपनी (MSME-IDC) की घोषणा की।
मुख्य तथ्य
900+ MSME इकाइयों को ₹450 करोड़+ प्रोत्साहन; 120+ स्टार्टअप को ₹47.80 करोड़।
निजी औद्योगिक-पार्क विकासकों को ₹50 लाख प्रति हेक्टेयर राज्य अनुदान।
2028 तक 30 नए औद्योगिक क्षेत्र, जिनमें 5,000 इकाइयों हेतु भूखंड।
इस वित्त वर्ष 3,000 भूखंडों का लक्ष्य (पिछले वर्ष 1,250 आवंटित)।
मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के तहत ऋण प्रदान।
आगे की राह
एकल-खिड़की मंज़ूरी व समयबद्ध भूमि आवंटन सुनिश्चित करना ताकि MSME अवसंरचना वास्तविक उद्यमों व रोज़गार में बदले।
अवधारणा
MSME का वर्गीकरण निवेश एवं टर्नओवर पर आधारित (2020 में संशोधित)। ये रोज़गार एवं निर्यात के प्रमुख चालक हैं; राज्य SPV भूमि व ऋण तक पहुँच आसान करते हैं।
4. मध्य प्रदेश को मिला चीतों का तीसरा आवास
MADHYA PRADESHMPPSC: Prelims + Mains GS-III (पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी)
मध्य प्रदेश ने बुंदेलखंड क्षेत्र के वीरांगना दुर्गावती (नौरादेही) टाइगर रिज़र्व में चीतों का तीसरा आवास खोला, जिससे प्रोजेक्ट चीता (आरंभ 2022) के तहत पुनर्स्थापन का विस्तार हुआ।
मुख्य तथ्य
दो चीते, व्योम और नीरा, रिज़र्व में छोड़े गए।
यह मप्र का तीसरा चीता आवास है, कूनो NP (श्योपुर) व गांधी सागर (मंदसौर) के बाद।
रिज़र्व लगभग 2,339 वर्ग किमी में सागर, दमोह एवं नरसिंहपुर तक फैला है।
भारत के चीता प्रोजेक्ट की गिनती लगभग 60 तक पहुँची।
मप्र 'टाइगर स्टेट' व 'तेंदुआ राज्य' है तथा यहाँ भारत का सबसे अधिक वन क्षेत्र है।
आगे की राह
शिकार-आधार वृद्धि, शिकारी सह-अस्तित्व (बाघ/तेंदुआ) व उत्तरजीविता निगरानी पर ध्यान देकर पुनर्स्थापन को आत्मनिर्भर बनाना।
अवधारणा
प्रोजेक्ट चीता ने स्थानीय विलुप्ति (1952) के बाद अफ्रीकी चीते को पुनः लाया। कूनो पहला स्थल था; चीता विश्व का सबसे तेज़ स्थलीय प्राणी है।
मप्र के तीन चीता आवासों का प्रवाह: कूनो NP, गांधी सागर व वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिज़र्व, प्रोजेक्ट में 60 चीते। — StudyForGS
5. 2026 मप्र का 'किसान कल्याण वर्ष'; गेहूँ MSP पर ज़ोर
MADHYA PRADESHMPPSC: Prelims + Mains GS-III (कृषि एवं मप्र अर्थव्यवस्था)
सिलेबस से संबंध
MSP एवं खरीद; कृषि सुधार; मप्र की फसलें; GS-III कृषि; Prelims: मप्र फसलें/नदियाँ।
संदर्भ
मध्य प्रदेश 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मना रहा है, तथा आगामी रबी 2026-27 सत्र हेतु गेहूँ की सुनिश्चित MSP खरीद के साथ कल्याण अंतरण को जोड़ रहा है।
मुख्य तथ्य
राज्य ने रबी 2026-27 हेतु लगभग ₹2,600 प्रति क्विंटल गेहूँ खरीद मूल्य का संकेत दिया।
मप्र भारत का 'सोयाबीन राज्य' और अग्रणी गेहूँ उत्पादक है (GI-टैग शरबती गेहूँ सहित)।
प्रमुख नदियाँ: नर्मदा, चंबल, बेतवा, ताप्ती (तापी) एवं सोन।
भूमि अधिग्रहण पर किसानों को भूमि मूल्य का चार गुना देने का वादा।
नर्मदा घाटी में दलहन/चना व सिंचाई पर ज़ोर।
आगे की राह
गेहूँ-सोयाबीन से आगे विविधीकरण, शीत-शृंखला व फसल बीमा सुदृढ़ करना, और MSP खरीद का दायरा बढ़ाकर कृषि आय स्थिर करना।
अवधारणा
MSP की संस्तुति CACP करता है; खरीद मूल्य स्थिरता देती है। GI टैग मूल-आधारित उत्पादों जैसे शरबती गेहूँ व चिनौर चावल की रक्षा करता है।
6. PM ने भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 खोला
ENVIRONMENTMPPSC: Prelims + Mains GS-III (पर्यावरण एवं अर्थव्यवस्था)
प्रधानमंत्री ने 2 नवंबर 2026 को भारत मंडपम, नई दिल्ली में भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो (BRESE) 2026 का उद्घाटन किया, जिसमें वैश्विक स्वच्छ-ऊर्जा मूल्य शृंखला जुटी।
मुख्य तथ्य
2–5 नवंबर 2026 तक आयोजित; 130+ देश भाग ले रहे हैं।
पहली बार 9वीं ISA असेंबली व हरित हाइड्रोजन पर 4थे अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन के साथ सह-आयोजन।
चार स्तंभ: नीति स्थिरता, बाज़ार निर्माण, पारितंत्र विकास, पारेषण।
आधिकारिक लोगो 'URJHA चक्र' तथा डिजिटल पोर्टल/ऐप लॉन्च।
परिवर्तनशील नवीकरणीय ऊर्जा को स्थिर करने हेतु पारेषण व भंडारण का विस्तार और ऊर्जा संक्रमण के अगले चरण हेतु हरित वित्त जुटाना।
अवधारणा
अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA) का मुख्यालय गुरुग्राम में है, सह-संस्थापक भारत व फ्रांस। राष्ट्रीय हरित हाइड्रोजन मिशन बड़े पैमाने पर हरित-H2 उत्पादन का लक्ष्य रखता है।
भारत के स्वच्छ-ऊर्जा संक्रमण के चार स्तंभ, इस टिप्पणी के साथ कि भारत 300 GW गैर-जीवाश्म क्षमता के करीब है और 130+ देश शामिल हैं। — StudyForGS
7. भारत 300 GW गैर-जीवाश्म बिजली क्षमता के करीब
ENVIRONMENTMPPSC: Prelims + Mains GS-III (ऊर्जा एवं अवसंरचना)
सिलेबस से संबंध
ऊर्जा मिश्रण; जलवायु लक्ष्य (पंचामृत); रूफटॉप सोलर; GS-III; Prelims: क्षमता व लक्ष्य।
संदर्भ
अधिकारियों ने कहा कि भारत शीघ्र ही 300 GW स्थापित गैर-जीवाश्म बिजली क्षमता पार करेगा, जो उसके जलवायु संकल्पों की दिशा में महत्वपूर्ण पड़ाव है, जबकि पीएम सूर्य घर के तहत रूफटॉप सोलर बढ़ रहा है।
मुख्य तथ्य
भारत 300 GWगैर-जीवाश्म स्थापित क्षमता के करीब।
पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना50 लाख लाभार्थी परिवारों के करीब।
गैर-जीवाश्म स्रोत भारत की स्थापित बिजली क्षमता का लगभग आधा हिस्सा।
2030 तक 500 GW गैर-जीवाश्म क्षमता के पंचामृत संकल्प के अनुरूप।
राजस्थान सौर व गुजरात का खावड़ा पार्क राज्य अग्रदूतों के रूप में उद्धृत।
आगे की राह
ग्रिड एकीकरण, भूमि व भंडारण बाधाओं का समाधान करते हुए रूफटॉप-सोलर को गति देकर 2030 लक्ष्य प्राप्त करना।
अवधारणा
पंचामृत (COP26) लक्ष्य: 500 GW गैर-जीवाश्म क्षमता, 50% ऊर्जा नवीकरणीय से, तथा 2070 तक नेट-ज़ीरो। 'गैर-जीवाश्म' में सौर, पवन, जल व नाभिकीय शामिल।
डोनट चार्ट जो दर्शाता है कि गैर-जीवाश्म स्रोत भारत की स्थापित बिजली क्षमता का लगभग 50% हैं। — StudyForGS
8. EPFO सुधार व सामाजिक सुरक्षा संहिता से कवरेज बढ़ा
POLITYMPPSC: Prelims + Mains GS-II/III (शासन एवं अर्थव्यवस्था)
सिलेबस से संबंध
श्रम संहिताएँ; सामाजिक सुरक्षा; EPFO; गिग श्रमिक; GS-II शासन / GS-III अर्थव्यवस्था।
संदर्भ
एक आधिकारिक समीक्षा ने EPFO सुधारों व सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 को रेखांकित किया, क्योंकि भारत का सामाजिक-सुरक्षा कवरेज तेज़ी से बढ़ रहा है, जिसमें गिग व प्लेटफ़ॉर्म श्रमिक भी शामिल।
मुख्य तथ्य
सामाजिक सुरक्षा कवरेज 2026 में 68.4%, जो 2015 में 19% था।
EPFO अनिवार्य वेतन सीमा ₹25,000 (₹15,000 से) स्वीकृत।
EPFO 3.0: तेज़, क्लाउड-आधारित दावा निपटान; ₹5 लाख तक स्वतः निपटान।
सभी चार श्रम संहिताएँ21 नवंबर 2025 को लागू हुईं।
प्रधानमंत्री सामाजिक सहायता योजना वृद्धावस्था/विधवा/दिव्यांग पेंशन का नवीकरण करती है।
आगे की राह
न्यूनतम पेंशन बढ़ाकर व गिग-श्रमिक सामाजिक सुरक्षा कोष को क्रियाशील कर कवरेज से पर्याप्तता की ओर बढ़ना।
अवधारणा
EPFOEPF एवं MP अधिनियम, 1952 के तहत त्रिपक्षीय केंद्रीय न्यासी बोर्ड द्वारा संचालित होता है। संहिता नौ केंद्रीय सामाजिक-सुरक्षा कानूनों को समाहित करती है।
बार चार्ट: भारत का सामाजिक सुरक्षा कवरेज 2015 में 19% से बढ़कर 2026 में 68.4%, EPFO वेतन सीमा की प्रगति सहित। — StudyForGS
9. NavIC NVS-03 को GSLV-F18 से कक्षा में स्थापित किया गया
SCI-TECHMPPSC: Prelims + Mains GS-III (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी)
सिलेबस से संबंध
अंतरिक्ष तकनीक; उपग्रह नौवहन; सामरिक स्वायत्तता; GS-III; Prelims: ISRO मिशन।
संदर्भ
ISRO ने दूसरी पीढ़ी के तीसरे NavIC नौवहन उपग्रह NVS-03 को GSLV-F18 के माध्यम से प्रक्षेपित किया, जिससे भारत की स्वदेशी स्थिति-निर्धारण प्रणाली सुदृढ़ हुई।
मुख्य तथ्य
30 अक्टूबर 2026 को श्रीहरिकोटा से प्रक्षेपित; 20वीं GSLV उड़ान।
NVS-03 दूसरी पीढ़ी के पाँच NavIC उपग्रहों में तीसरा है (NVS-01 से NVS-05)।
L1, L5 व S बैंड में संकेत; स्वदेशी परमाणु घड़ी सहित।
भारतीय भूभाग + ~1,500 किमी तक कवरेज।
एक खुली सेवा व सामरिक उपयोगकर्ताओं हेतु एन्क्रिप्टेड प्रतिबंधित सेवा प्रदान करता है।
आगे की राह
NVS-04/05 हेतु प्रक्षेपण गति बनाए रखना और रिसीवर-चिपसेट अपनाव बढ़ाकर NavIC के नागरिक व सामरिक उपयोग को गहरा करना।
अवधारणा
NavIC (पूर्व में IRNSS) 7 उपग्रहों (3 GEO + 4 IGSO) की क्षेत्रीय प्रणाली है। यह GAGAN से भिन्न है, जो एक उपग्रह-आधारित संवर्द्धन प्रणाली है — Prelims का क्लासिक जाल।
NavIC का माइंड-मैप: L1/L5/S बैंड, 7 उपग्रह (3 GEO + 4 IGSO), स्वदेशी परमाणु घड़ी, कवरेज व सामरिक प्रतिबंधित सेवा। — StudyForGS
10. वैश्विक नवाचार सूचकांक 2026: भारत 38वें स्थान पर
REPORTMPPSC: Prelims + Mains GS-III (अर्थव्यवस्था एवं विज्ञान-तकनीक)
वैश्विक नवाचार सूचकांक (GII) 2026 जारी हुआ, जिसमें भारत ने नवाचार-प्रेरित उभरती अर्थव्यवस्थाओं में अपनी मज़बूत स्थिति बनाए रखी।
मुख्य तथ्य
GII 2026 में भारत 139 अर्थव्यवस्थाओं में 38वें स्थान पर।
GII का प्रकाशन विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (WIPO) करता है।
भारत निम्न-मध्यम आय वाली अर्थव्यवस्थाओं में शीर्ष नवप्रवर्तक बना हुआ है।
सशक्त पक्ष: ICT सेवा निर्यात, विशाल कुशल प्रतिभा-पूल व स्टार्टअप।
कमज़ोरी: R&D व्यय तथा संस्थागत/अवसंरचना स्तंभ।
आगे की राह
GDP के अनुपात में सकल R&D व्यय बढ़ाना और विश्वविद्यालय-उद्योग संबंध मज़बूत कर सूचकांक में और ऊपर चढ़ना।
अवधारणा
WIPO एक संयुक्त राष्ट्र विशेष एजेंसी (जिनेवा) है। GII अर्थव्यवस्थाओं को नवाचार इनपुट एवं आउटपुट पर रैंक करता है; Prelims में सूचकांक-प्रकाशक मिलान हेतु उपयोगी।
आज का डेटा पॉइंट
₹12 lakh crore
मध्य प्रदेश राज्य अर्थव्यवस्था — साकार निवेश मध्य प्रदेश सरकार के अनुसार धरातल पर साकार हुआ निवेश, साथ ही लगभग 24% की औद्योगिक वृद्धि दर (पहले ऋणात्मक) और 24% से अधिक कृषि वृद्धि, जैसा राज्य के स्थापना दिवस संबोधन में बताया गया। वर्ष 2026 को राज्य के 'किसान कल्याण वर्ष' के रूप में मनाया जा रहा है।
प्रारंभिक परीक्षा रैपिड-फायर
कूनो राष्ट्रीय उद्यान — भारत का पहला चीता घर — मप्र के श्योपुर ज़िले में है।
मप्र 'टाइगर स्टेट', 'तेंदुआ राज्य' है और यहाँ भारत का सबसे अधिक वन क्षेत्र है।
NavICL1, L5 व S बैंड में कार्य करता है; 7 उपग्रहों का तारामंडल।
EPFO अनिवार्य वेतन सीमा ₹25,000 तक बढ़ी; 2026 में कवरेज 68.4%।
भारत 300 GW गैर-जीवाश्म क्षमता के करीब; पंचामृत लक्ष्य 2030 तक 500 GW।
नर्मदा मप्र की जीवनरेखा नदी है, जो पूर्व से पश्चिम की ओर अरब सागर में गिरती है।
अभ्यास MCQs — MPPSC Prelims पैटर्न
Q1. मध्य प्रदेश में नए खुले तीसरे चीता आवास के संदर्भ में निम्नलिखित पर विचार कीजिए:
1. यह वीरांगना दुर्गावती (नौरादेही) टाइगर रिज़र्व में स्थित है।
2. यह बुंदेलखंड क्षेत्र में सागर, दमोह व नरसिंहपुर ज़िलों में फैला है।
3. यह 2022 में प्रोजेक्ट चीता के तहत चुना गया पहला स्थल था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2
केवल 2 और 3
केवल 1 और 3
1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: A कथन 1 व 2 सही हैं। तीसरा आवास बुंदेलखंड (सागर-दमोह-नरसिंहपुर) का वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिज़र्व है। कथन 3 गलत है — कूनो राष्ट्रीय उद्यान 2022 में प्रोजेक्ट चीता का पहला स्थल था।
Q2. NavIC के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह GEO व IGSO कक्षाओं में सात उपग्रहों वाली क्षेत्रीय नौवहन प्रणाली है।
2. NVS-03 को श्रीहरिकोटा से PSLV द्वारा प्रक्षेपित किया गया।
3. NavIC और GAGAN एक ही प्रणाली के दो नाम हैं।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
केवल 1
केवल 1 और 2
केवल 2 और 3
1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: A केवल कथन 1 सही है। NavIC में 7 उपग्रह (3 GEO + 4 IGSO) हैं। NVS-03 को GSLV-F18 से प्रक्षेपित किया गया, PSLV से नहीं। GAGAN एक उपग्रह-आधारित संवर्द्धन प्रणाली है, जो NavIC से भिन्न है।
मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न
Q. मध्य प्रदेश का हालिया विकास अभियान प्रमुख कल्याण अंतरणों को आक्रामक औद्योगिक व कृषि वृद्धि आख्यान के साथ जोड़ता है। राज्य में समावेशी विकास हेतु इस मॉडल के अवसरों व राजकोषीय चुनौतियों का आलोचनात्मक परीक्षण कीजिए। (250 शब्द)
संकेत / दृष्टिकोण
लाडली बहना DBT व किसान कल्याण वर्ष को समावेशन से जोड़ें; ~24% वृद्धि व ₹12 लाख करोड़ निवेश दावों को आवर्ती सब्सिडी भार, रोज़गार व आँकड़ों की विश्वसनीयता के विरुद्ध तौलें। संतुलित मार्ग सुझाएँ — घोषणाओं पर नहीं, परिणामों पर।
📌 एक पंक्ति में रिवीज़न: आज दोहराएँ: मप्र @70 — ~24% औद्योगिक वृद्धि; लाडली बहना 41वीं (₹1,500 / 1.25 करोड़); वीरांगना दुर्गावती TR में तीसरा चीता घर; भारत RE शिखर सम्मेलन 2026 (130+ देश); भारत 300 GW गैर-जीवाश्म के करीब; NavIC NVS-03 GSLV-F18 से; GII 2026 भारत 38वें।